जिगर मुरादाबादी शायरी – लाखों में इंतिख़ाब के क़ाबिल

लाखों में इंतिख़ाब के क़ाबिल बना दिया
जिस दिल को तुम ने देख लिया दिल बना दिया – जिगर मुरादाबादी