नक़्श लायलपुरी शायरी – होश में लाके मेरे होश

होश में लाके मेरे होश उड़ाने वाले।।
ये तेरा नाज़ है, शोख़ी है, अदा है, क्या है।। – नक़्श लायलपुरी