वसीम बरेलवी शायरी – इस दौरे मुंसिफी मे ज़रुरी

इस दौरे मुंसिफी मे ज़रुरी तो नही वसीम,
जिस शख्स की खता हो उसी को सज़ा मिले!! – वसीम बरेलवी