Top 100 Hindi Shayari – Bachpan, Bachon, Bache, Children, Child, Childhood Poetry

खिलौनों की दुकानों की तरफ़ से आप क्यूँ गुज़रे
ये बच्चे की तमन्ना है ये समझौता नहीं करती
मुनव्वर राना

———>Bachche Shayari In Hindi<————

खिलौनों की दुकानो रास्ता दो
मिरे बच्चे गुज़रना चाहते हैं
अज्ञात

———>Bachche Shayari In Hindi<————

खिलौनों के लिए बच्चे अभी तक जागते होंगे
तुझे ऐ मुफ़्लिसी कोई बहाना ढूँड लेना है
मुनव्वर राना

———>बच्चों पर शायरी<————

ख़्वाहिशें दिल में मचल कर यूँही सो जाती हैं
जैसे अँगनाई में रोता हुआ बच्चा कोई
इशरत आफ़रीं

———>Bachche Shayari In Hindi<————

घर से मस्जिद है बहुत दूर चलो यूँ कर लें
किसी रोते हुए बच्चे को हँसाया जाए
निदा फ़ाज़ली

———>Bachche Shayari In Hindi<————

चुप-चाप बैठे रहते हैं कुछ बोलते नहीं
बच्चे बिगड़ गए हैं बहुत देख-भाल से
आदिल मंसूरी

———>बचपन शायरी हिंदी में<————

ज़ख़्म ही तेरा मुक़द्दर हैं दिल तुझ को कौन सँभालेगा
ऐ मेरे बचपन के साथी मेरे साथ ही मर जाना
ज़ेब ग़ौरी

———>Bachche Shayari In Hindi<————

जब आया ईद का दिन घर में बेबसी की तरह
तो मेरे फूल से बच्चों ने मुझ को घेर लिया
बिस्मिल साबरी

———>Bachche Shayari In Hindi<————

जब चली ठंडी हवा बच्चा ठिठुर कर रह गया
माँ ने अपने ला’ल की तख़्ती जला दी रात को
सिब्त अली सबा

———>Bachche Shayari In Hindi<————

जब बच्चों को देखता हूँ तो सोचता हूँ
मालिक इन फूलों की उम्र दराज़ करे
ज़ियाउल मुस्तफ़ा तुर्क


———>Bachche Shayari In Hindi<————

जब भी लौटा गाँव के बाज़ार से
मुझ को सब बच्चों ने देखा प्यार से
नवाब अहसन

———>Bachche Shayari In Hindi<————

जितनी बुरी कही जाती है उतनी बुरी नहीं है दुनिया
बच्चों के स्कूल में शायद तुम से मिली नहीं है दुनिया
निदा फ़ाज़ली

———>Bachche Shayari In Hindi<————

जिस के लिए बच्चा रोया था और पोंछे थे आँसू बाबा ने
वो बच्चा अब भी ज़िंदा है वो महँगा खिलौना टूट गया
महशर बदायुनी

———>Bachche Shayari In Hindi<————

जिस ने इक उम्र दी है बच्चों को
उस के हिस्से में एक दिन आया
अज्ञात

———>Bachche Shayari In Hindi<————

जुगनू को दिन के वक़्त परखने की ज़िद करें
बच्चे हमारे अहद के चालाक हो गए
परवीन शाकिर

———>Bachche Shayari In Hindi<————

जो तीर बूढ़ों की फ़रियाद तक नहीं सुनते
तो उन के सामने बच्चों का मुस्कुराना क्या
इरफ़ान सिद्दीक़ी

———>Bachche Shayari In Hindi<————

जो भीक माँगते हुए बच्चे के पास था
उस कासा-ए-सवाल ने सोने नहीं दिया
रेहाना रूही

———>Bachche Shayari In Hindi<————

तितलियाँ पकड़ने में दूर तक निकल जाना
कितना अच्छा लगता है फूल जैसे बच्चों पर
परवीन शाकिर

———>Bachche Shayari In Hindi<————

तिरे ख़याल के हाथों कुछ ऐसा बिखरा हूँ
कि जैसे बच्चा किताबें इधर उधर कर दे
वसीम बरेलवी

———>Bachche Shayari In Hindi<————

तिलिस्म तोड़ दिया इक शरीर बच्चे ने
मिरा वजूद उदासी का इस्तिआरा था
सरफ़राज़ दानिश

———>Bachche Shayari In Hindi<————

तुम माँग रहे हो मिरे दिल से मिरी ख़्वाहिश
बच्चा तो कभी अपने खिलौने नहीं देता
अब्बास ताबिश

———>Bachche Shayari In Hindi<————

तोतली उम्र में जो बच्चा ज़रा मुशफ़िक़ था
कुछ बड़ा हो के दहाने पे न पहुँचा आख़िर
अनीस अंसारी

———>Bachche Shayari In Hindi<————

दिन भर बच्चों ने मिल कर पत्थर फेंके फल तोड़े
साँझ हुई तो पंछी मिल कर रोने लगे दरख़्तों पर
मोहम्मद अल्वी

———>Bachche Shayari In Hindi<————

दिल कुछ देर मचलता है फिर यादों में यूँ खो जाता है
जैसे कोई ज़िद्दी बच्चा रोते रोते सो जाता है
अज़हर नक़वी

———>Bachche Shayari In Hindi<————

दिल भी इक ज़िद पे अड़ा है किसी बच्चे की तरह
या तो सब कुछ ही इसे चाहिए या कुछ भी नहीं
राजेश रेड्डी


———>Bachche Shayari In Hindi<————

दिल भी बच्चे की तरह ज़िद पे अड़ा था अपना
जो जहाँ था ही नहीं उस को वहीं ढूँढना था
राजेश रेड्डी


———>Bachche Shayari In Hindi<————

दिल हर ज़िद मनवा लेता है
ये बच्चा शैतान बहुत है
अंजुम लुधियानवी

———>बचपन शायरी हिंदी में<————

दुआएँ याद करा दी गई थीं बचपन में
सो ज़ख़्म खाते रहे और दुआ दिए गए हम
इफ़्तिख़ार आरिफ़

———>Bachche Shayari In Hindi<————

देखा न तुझे ऐ रब हम ने हाँ दुनिया तेरी देखी है
सड़कों पर भूके बच्चे भी कोठे पर अब्ला नारी भी
आज़िम कोहली

———>Bachche Shayari In Hindi<————

देव परी के क़िस्से सुन कर
भूके बच्चे सो लेते हैं
अतीक़ इलाहाबादी

———>Bachche Shayari In Hindi<————

देवता मेरे आँगन में उतरेंगे कब ज़िंदगी भर यही सोचता रह गया
मेरे बच्चों ने तो चाँद को छू लिया और मैं चाँद को पूजता रह गया
साग़र आज़मी

———>Bachche Shayari In Hindi<————

दौलत से मोहब्बत तो नहीं थी मुझे लेकिन
बच्चों ने खिलौनों की तरफ़ देख लिया था
मुनव्वर राना

———>Children Shayari In Hindi<————

नर्सरी का दाख़िला भी सरसरी मत जानिए
आप के बच्चे को अफ़लातून होना चाहिए
अनवर मसूद

———>Children Shayari In Hindi<————

निकलने ही नहीं देती हैं अश्कों को मिरी आँखें
कि ये बच्चे हमेशा माँ की निगरानी में रहते हैं
मुनव्वर राना

———>Children Shayari In Hindi<————

निगाह पड़ने न पाए यतीम बच्चों की
ज़रा छुपा के खिलौने दुकान में रखना
महबूब ज़फ़र

———>Children Shayari In Hindi<————

नीला अम्बर चाँद सितारे बच्चों की जागीरें हैं
अपनी दुनिया में तो बस दीवारें ही ज़ंजीरें हैं
आज़िम कोहली

———>Children Shayari In Hindi<————

पहचान अपनी हम ने मिटाई है इस तरह
बच्चों में कोई बात हमारी न आएगी
बशीर बद्र

———>Children Shayari In Hindi<————

फ़क़त माल-ओ-ज़र-ए-दीवार-ओ-दर अच्छा नहीं लगता
जहाँ बच्चे नहीं होते वो घर अच्छा नहीं लगता
अब्बास ताबिश

———>Children Shayari In Hindi<————

फ़रिश्ते आ कर उन के जिस्म पर ख़ुश्बू लगाते हैं
वो बच्चे रेल के डिब्बों में जो झाड़ू लगाते हैं
मुनव्वर राना

———>Children Shayari In Hindi<————

बग़ैर पूछे मिरे सर में भर दिया मज़हब
मैं रोकता भी तो कैसे कि मैं तो बच्चा था
नवीन सी. चतुर्वेदी

———>बचपन शायरी हिंदी में<————

बचपन कितना प्यारा था जब दिल को यक़ीं आ जाता था
मरते हैं तो बन जाते हैं आसमान के तारे लोग
अज़रा नक़वी

———>बचपन शायरी हिंदी में<————

बचपन ने हमें दी है ये शीरीनी-ए-गुफ़्तार
उर्दू नहीं हम माँ की ज़बाँ बोल रहे हैं
आज़र बाराबंकवी

———>बचपन शायरी हिंदी में<————

बचपन में आकाश को छूता सा लगता था
इस पीपल की शाख़ें अब कितनी नीची हैं
मुज़फ़्फ़र हनफ़ी

———>बचपन शायरी हिंदी में<————

बचपन में शौक़ से जो घरौंदे बनाए थे
इक हूक सी उठी उन्हें मिस्मार देख कर
शिफ़ा कजगावन्वी

———>बचपन शायरी हिंदी में<————

बचपन में हम ही थे या था और कोई
वहशत सी होने लगती है यादों से
अब्दुल अहद साज़

———>Bachpan Shayari In Hindi<————

बचा के लाएँ किसी भी यतीम बच्चे को
और उस के हाथ से तख़लीक़-ए-काइनात करें
फ़रहत एहसास

———>Children Shayari In Hindi<————

बच्चा मजबूरियों को क्या जाने
इक खिलौना ख़रीदना था मुझे
नुसरत ग्वालियारी

———>Children Shayari In Hindi<————

बच्चे खुली फ़ज़ा में कहाँ तक निकल गए
हम लोग अब भी क़ैद इसी बाम-ओ-दर में हैं
असग़र मेहदी होश

———>Children Shayari In Hindi<————

बच्चों का सा मिज़ाज है तख़्लीक़-कार का
अपने सिवा किसी को बड़ा मानता नहीं
मतीन नियाज़ी

———>Children Shayari In Hindi<————

बच्चों की फ़ीस उन की किताबें क़लम दवात
मेरी ग़रीब आँखों में स्कूल चुभ गया
मुनव्वर राना

———>Children Shayari In Hindi<————

बच्चों के छोटे हाथों को चाँद सितारे छूने दो
चार किताबें पढ़ कर ये भी हम जैसे हो जाएँगे
निदा फ़ाज़ली

———>Children Shayari In Hindi<————

बच्चों के साथ आज उसे देखा तो दुख हुआ
उन में से कोई एक भी माँ पर नहीं गया
हसन अब्बास रज़ा

———>Children Shayari In Hindi<————

बच्चों को भूके पेट सुलाने के बाद हम
कैसे ग़ज़ल के शे’र सुनाएँ जहाँ-पनाह
अहया भोजपुरी

———>Children Shayari In Hindi<————

बच्चों को हम न एक खिलौना भी दे सके
ग़म और बढ़ गया है जो त्यौहार आए हैं
ओबैदुर रहमान

———>Children Quotes In Hindi<————

बड़ों ने उस को छीन लिया है बच्चों से
ख़बर नहीं अब क्या हो हाल खिलौने का
हसन अकबर कमाल


———>Bachpan Shayari In Hindi<————

बने हैं काम सब उलझन से मेरे
यही अतवार हैं बचपन से मेरे
काशिफ़ हुसैन ग़ाएर

———>Bachpan Shayari In Hindi<————

बात चल निकलेगी फिर इक़रार की इंकार की
फिर वही बचपन के भूले गीत गाए जाएँगे
आज़िम कोहली


———>Bachpan Shayari In Hindi<————

बूढ़ी माँ का शायद लौट आया बचपन
गुड़ियों का अम्बार लगा कर बैठ गई
इरशाद ख़ान सिकंदर

———>Children Quotes In Hindi<————

बोसे बीवी के हँसी बच्चों की आँखें माँ की
क़ैद-ख़ाने में गिरफ़्तार समझिए हम को
फ़ुज़ैल जाफ़री


———>Children Quotes In Hindi<————

भूके बच्चों की तसल्ली के लिए
माँ ने फिर पानी पकाया देर तक
नवाज़ देवबंदी

———>Children Quotes In Hindi<————

माज़ी के रेग-ज़ार पे रखना सँभल के पाँव
बच्चों का इस में कोई घरौंदा बना न हो
अब्दुल हफ़ीज़ नईमी

———>Children Quotes In Hindi<————

मिरा रोता बच्चा बहलता था जिस से
वो लकड़ी का हाथी उठा ले गया वो
फ़े सीन एजाज़

———>Bachpan Shayari In Hindi<————

मिरी मैली हथेली पर तो बचपन से
ग़रीबी का खरा सोना चमकता है
फ़राग़ रोहवी

———>Children Quotes In Hindi<————

मिरी मोहब्बत में सारी दुनिया को इक खिलौना बना दिया है
ये ज़िंदगी बन गई है माँ और मुझ को बच्चा बना दिया है
फ़रहत एहसास

———>Children Status In Hindi<————

मिरे दिल के किसी कोने में इक मासूम सा बच्चा
बड़ों की देख कर दुनिया बड़ा होने से डरता है
राजेश रेड्डी

———>Children Status In Hindi<————

मिरे दिल में कोई मासूम बच्चा
किसी से आज तक रूठा हुआ है
मनीश शुक्ला

———>Bachpan Shayari In Hindi<————

मिरे बच्चे तिरा बचपन तो मैं ने बेच डाला
बुज़ुर्गी ओढ़ कर काँधे तिरे ख़म हो गए हैं
मुसव्विर सब्ज़वारी

———>Children Status In Hindi<————

मिरे बच्चों में सारी आदतें मौजूद हैं मेरी
तो फिर इन बद-नसीबों को न क्यूँ उर्दू ज़बाँ आई
मुनव्वर राना

———>Bachpan Shayari In Hindi<————

मिलती है ख़ुशी सब को जैसे ही कहीं से भी
भूली हुइ बचपन की तस्वीर निकलती है
अज़हर हाश्मी

———>Bachpan Shayari In Hindi<————

मेरा बचपन भी साथ ले आया
गाँव से जब भी आ गया कोई
कैफ़ी आज़मी

———>Children Status In Hindi<————

मेहनत कर के हम तो आख़िर भूके भी सो जाएँगे
या मौला तू बरकत रखना बच्चों की गुड़-धानी में
विलास पंडित मुसाफ़िर


———>Children Status In Hindi<————

मैं दौड़ दौड़ के ख़ुद को पकड़ के लाता हूँ
तुम्हारे इश्क़ ने बच्चा बना दिया है मुझे
लियाक़त जाफ़री


———>Bachpan Shayari In Hindi<————

मैं ने बचपन की ख़ुशबू-ए-नाज़ुक
एक तितली के संग उड़ाई थी
अफ़ज़ाल नवेद

———>Bachpan Shayari In Hindi<————

मैं ने बचपन में अधूरा ख़्वाब देखा था कोई
आज तक मसरूफ़ हूँ उस ख़्वाब की तकमील में
आलम ख़ुर्शीद

———>Children Status In Hindi<————

मैं ने भी बच्चों को अपनी निस्बत से आज़ाद किया
वो भी अपने हाथों से इंसान बनाना भूल गया
अहमद शनास

———>Bachpan Shayari Hindi Mein<————

मैं बचपन में खिलौने तोड़ता था
मिरे अंजाम की वो इब्तिदा थी
जावेद अख़्तर

———>Children Status In Hindi<————

मोहल्ले वाले मेरे कार-ए-बे-मसरफ़ पे हँसते हैं
मैं बच्चों के लिए गलियों में ग़ुब्बारे बनाता हूँ
सलीम अहमद


———>Child Status In Hindi<————

मौत को हम ने कभी कुछ नहीं समझा मगर आज
अपने बच्चों की तरफ़ देख के डर जाते हैं
शकील जमाली

———>Child Status In Hindi<————

ये कार-ए-इश्क़ तो बच्चों का खेल ठहरा है
सो कार-ए-इश्क़ में कोई कमाल क्या करना
हसन अब्बास रज़ा

———>Child Status In Hindi<————

ये ज़िंदगी कुछ भी हो मगर अपने लिए तो
कुछ भी नहीं बच्चों की शरारत के अलावा
अब्बास ताबिश

———>Bachon Shayari In Hindi<————

ये दर-ओ-दीवार पर बे-नाम से चुप-चाप साए
फूलों रस्तों और बच्चों की हिफ़ाज़त चाहते हैं
ज़ुल्फ़ेक़ार अहमद ताबिश

———>Bachon Shayari In Hindi<————

ये सोच के माँ बाप की ख़िदमत में लगा हूँ
इस पेड़ का साया मिरे बच्चों को मिलेगा
मुनव्वर राना

———>Bachon Shayari In Hindi<————

रूठ कर आँख के अंदर से निकल जाते हैं
अश्क बच्चों की तरह घर से निकल जाते हैं
तौक़ीर तक़ी

———>Bachon Shayari In Hindi<————

लोग कहते हैं कि मुझ सा था कोई
वो जो बच्चों की तरह रोया था
मोहम्मद अल्वी

———>Bachon Shayari In Hindi<————

वो अक्सर दिन में बच्चों को सुला देती है इस डर से
गली में फिर खिलौने बेचने वाला न आ जाए
मोहसिन नक़वी

———>Bachon Shayari In Hindi<————

वो जिस के सेहन में कोई गुलाब खिल न सका
तमाम शहर के बच्चों से प्यार करता था
अज़हर इनायती


———>Childhood Shayari Hindi Mein<————

वो माथा का मतला हो कि होंठों के दो मिसरे
बचपन से ग़ज़ल ही मेरी महबूबा रही है
बशीर बद्र


———>Bachon Shayari In Hindi<————

सातों आलम सर करने के बा’द इक दिन की छुट्टी ले कर
घर में चिड़ियों के गाने पर बच्चों की हैरानी देखो
शुजा ख़ावर


———>Bachcha Shayari In Hindi<————

सामने माँ के जो होता हूँ तो अल्लाह अल्लाह
मुझ को महसूस ये होता है कि बच्चा हूँ अभी
महफूजुर्रहमान आदिल

———>बच्चों पर शायरी<————

सारी दुनिया को जीतने वाला
अपने बच्चों से हार जाता है
असग़र शमीम

———>Childhood Shayari Hindi Mein<————

सुनो समुंदर की शोख़ लहरो हवाएँ ठहरी हैं तुम भी ठहरो
वो दूर साहिल पे एक बच्चा अभी घरौंदे बना रहा है
इक़बाल अशहर

———>बच्चों पर शायरी<————

हज़ारों शेर मेरे सो गए काग़ज़ की क़ब्रों में
अजब माँ हूँ कोई बच्चा मिरा ज़िंदा नहीं रहता
बशीर बद्र

———>Childhood Shayari Hindi Mein<————

हम को बचपन ही से इक शौक़ था बर्बादी से
नाम लिख लिख के मिटाते थे ज़मीं पर अपना
अमीर रज़ा मज़हरी

———>Bachpan Shayari Hindi Mein<————

हम तो बचपन में भी अकेले थे
सिर्फ़ दिल की गली में खेले थे
जावेद अख़्तर

———>बच्चों पर शायरी<————

हम भी इन बच्चों की मानिंद कोई पल जी लें
एक सिक्का जो हथेली पे सजा लाते हैं
कफ़ील आज़र अमरोहवी


———>बच्चों पर शायरी<————

हर बच्चा आँखें खोलते ही करता है सवाल मोहब्बत का
दुनिया के किसी गोशे से उसे मिल जाए जवाब तो अच्छा हो
ग़ुलाम मोहम्मद क़ासिर

———>Bachpan Shayari Hindi Mein<————

हसीं यादें वो बचपन की कहीं दिल से न खो जाएँ
मैं अपने आशियाने में खिलौने अब भी रखता हूँ
बशीर महताब

———>बच्चों पर शायरी<————

हाथ जो खोला तो बच्चा रो पड़ा
बंद मुट्ठी में कोई सिक्का न था
मुशताक़ सदफ़

———>बच्चों पर शायरी<————

हालात ‘शहाब’ आँख उठाने नहीं देते
बच्चों को मगर ईद मनाने की पड़ी है
शहाब सफ़दर

———>बच्चों पर शायरी<————

हो के मजबूर ये बच्चों को सबक़ देना है
अब क़लम छोड़ के तलवार उठा ली जाए

दानिश अलीगढ़ी